आगर-मालवा। पिछले सवा साल से प्रदेश की सत्ता पर काबिज कमलनाथ सरकार के सामने अचानक सियासी संकट खड़ा हो गया है। जबकि भाजपा वापस प्रदेश में सरकार बनाने की स्थिति में नजर आ रही है। प्रदेश में हुई राजनीतिक उठापटक को आगर-मालवा के विश्व प्रसिद्ध तांत्रिक मंदिर माँ बगलामुखी में हुए शत्रु विजय यज्ञ से जोड़कर देखा जा रहा हैं। यह यज्ञ नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने करवाया था।
दरअसल आगर-मालवा में विश्व प्रसिद्ध तांत्रिक मंदिर माँ बगलामुखी स्थित हैं। 4 मार्च को भाजपा के दिग्गज नेता भाजपा प्रदेश अध्यक्ष विष्णुदत्त शर्मा और नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव माँ बगलामुखी की शरण में पहुंचे थे। विष्णुदत्त शर्मा ने माँ बगलामुखी मंदिर में विशेष पूजन और दर्शन किए थे। इसके बाद नेता प्रतिपक्ष गोपाल भार्गव ने यहां दर्शन करने के बाद शत्रु विजय यज्ञ भी करवाया था।
कहा जा रहा है कि शत्रु विजय यज्ञ के कारण ही मध्यप्रदेश में सियासी घमासान मचा हुआ है। क्योंकि चार मार्च से पहले मध्यप्रदेश की राजनीति में सामान्य हालात थे। मगर शत्रु विजय यज्ञ के बाद मध्यप्रदेश की राजनीति में काफी उलटफेर हो गए हैं। गौरतलब है कि शिवराज सिंह चौहान, विष्णुदत्त शर्मा और गोपाल भार्गव ने चार मार्च को आगर-मालवा में हुए कार्यकर्ता सम्मेलन में हिस्सा लिया था।
बता दें कि माँ बगलामुखी मंदिर विश्व भर में तांत्रिक क्रियाओं और हवन को लेकर काफी प्रसिद्ध है। यहां पर अमर सिंह, नरेंद्र मोदी के भाई पंकज मोदी, जयाप्रदा और देश भर के तमाम बड़े-बड़े नेता आते रहते हैं और शत्रु विजय यज्ञ करवाने के लिए हमेशा तत्पर रहते हैं। आपको बता दें कि यहां पर पांडवों ने कौरवों पर विजय पाने के लिए शत्रु विजय यज्ञ किया था, तभी से यहां तांत्रिक क्रियाओं से ओतप्रोत हवन करवाए जाते हैं। मंदिर चारों तरफ से शमशान से घिरा हुआ है।
मंदिर के पुजारी पंडित योगेश शर्मा का कहना ही कि, मंदिर में पांडवो के समय से पूजा-अर्चना चलती आ रही है। व्यापार और राजनीति से जुड़े बड़े लोग यहां पर आते रहते हैं। यहां तांत्रिक पूजा निरंतर चलती रहती है। अभी कुछ दिन पहले बीजेपी के बड़े नेता प्रदेश अध्यक्ष वीडी शर्मा और गोपाल भार्गव यहाँ आए थे। उन्होंने हवन पूजन भी यहां किया था।
