August 24, 2026

इंदौर में सीहोर पुलिस ने मारे छापे 5 लोगों को उठाया। चायनीज आदमी के साथ इंदौर से चला रहे थे ठगी का नेटवर्क।

Xpose Today

इंदौर में सीहोर पुलिस ने छापे मारकर (USDT)क्रिप्टो करंसी के माध्यम से चीनी नागरिक तक साइबर ठगी की राशि पहुंचाने वाले गिरोह के 5 लोगों को पकड़ा है। सभी आरोपी इंदौर के रहने वाले हैं और इंदौर से ही कमीशन के लालच में चीनी नागरिक के साथ मिलकर ठगी का नेटवर्क संचालित कर रहे थे। पीड़िता द्वारा साइबर फ्रॉड की शिकायत NCRP पोर्टल पर दर्ज शिकायत के आधार पर सीहोर पुलिस ने केस दर्ज किया और टेक्निकल आधार पर इंदौर में ताबड़तोड़ छापे मारकर आरोपियों को धरदबोचा।

सीहोर सीएसपी कोतवाली डॉ अभिनंदना शर्मा और जांच अधिकारी सब इंस्पेक्टर विक्रम आदर्श ने बताया इंदौर के 5 युवक एक चीनी नागरिक के साथ मिलकर ऑन लाइन ठगी का नेटवर्क संचालित कर रहे थे। यह लोग साइबर फ्रॉड से प्राप्त राशि से USDT (क्रिप्टोकरेंसी) खरीदकर टेलीग्राम ग्रुप के माध्यम से “मैटी (Matty)” नामक एक चीनी नागरिक को भेजता था। इसके बदले उसे 10 प्रतिशत कमीशन प्राप्त होता था। इस तरह यह आरोपी इंदौर से बैठकर कई लोगों से साथ लाखों रूपए की ठगी कर चुके हैं। इसमें चीनी नागरिक “मैटी (Matty)” भी शामिल है।

पीड़िता कंचन तोमर पति अजय सिंह तोमर की साइबर फ्रॉड की शिकायत NCRP पोर्टल पर दर्ज शिकायत पर एफ़आइआर दर्ज की गई। कंचन वर्क फ्रॉम होम करती हैं उन्हें टेलीग्राम एप के माध्यम से एक ग्रुप में जोड़ा गया। फिर टेलीग्राम पर वर्क फ्रॉम होम काम कराया। काम पूरा होने के बाद वर्चुअल वेब साइट के माध्यम से पैसादिखाया बताया की तुम्हारा मेहनताना 5 लाख बन रहा है। इसे पाने के लिए कुछ पैसा डालना होगा इस एवज़ में चार लाख 68 हजार रूपए ट्रांसफ़र करा लिए। लेकिन न पैसा नहीं मिला।

पोर्टल से प्राप्त मनी ट्रेल के तकनीकी विश्लेषण से ज्ञात हुआ कि फरियादिया के खाते से ठगी गई विभिन्न ATM से दिनांक 09 एवं 10 अप्रैल 2026 को निकाली गई। स्थानीय मुखबिर तंत्र एवं तकनीकी विश्लेषण के आधार पर पुलिस ने गोपाल सेन पिता घनश्याम सेन निवासी बाणगंगा, इंदौर एवं सुमित कोष्ठी पिता जीवन कोष्ठी निवासी परदेशीपुरा, इंदौर को गिरफ्तार किया है।

पूछताछ के दौरान दोनों आरोपियों ने बताया कि वे ATM से निकाली गई पूरी राशि आर्यन अम्बेडकर निवासी बाणगंगा, इंदौर को सौंप देते थे, जिसके बदले उन्हें 5 प्रतिशत कमीशन मिलता था।
आरोपियों से प्राप्त जानकारी, तकनीकी विश्लेषण एवं साइबर सेल के सहयोग से पुलिस ने आर्यन अम्बेडकर तथा उसके साथी ऋतेश प्रजापत निवासी बाणगंगा, इंदौर को गिरफ्तार किया।

पूछताछ में आर्यन अम्बेडकर ने बताया कि वह साइबर फ्रॉड से प्राप्त राशि से USDT (क्रिप्टोकरेंसी) खरीदकर टेलीग्राम ग्रुप के माध्यम से “मैटी (Matty)” नामक एक चीनी नागरिक को भेजता था। इसके बदले उसे 10 प्रतिशत कमीशन प्राप्त होता था।
आर्यन अम्बेडकर से प्राप्त जानकारी के आधार पर पुलिस ने अनुराग पटेल निवासी थाना हीरानगर, इंदौर को हिरासत में लेकर पूछताछ की। अनुराग पटेल ने स्वीकार किया कि वह भी साइबर फ्रॉड की राशि से USDT खरीदकर टेलीग्राम ग्रुप के माध्यम से चीनी नागरिक मैटी को भेजता था। उसने यह भी बताया कि इस कार्य में उसका साथी शिवेंद्र सिंह राजपूत भी शामिल है। अपराध क्रमांक 238/26, धारा 318(4) बीएनएस के तहत साइबर फ्रॉड का प्रकरण पंजीबद्ध कर विवेचना में लिया गया है।

प्रकरण में अब तक कुल 5 आरोपियों –

गोपाल सेन,
सुमित कोष्ठी,
आर्यन अम्बेडकर,
ऋतेश प्रजापत एवं
अनुराग पटेल,

को गिरफ्तार किया जा चुका है। फरार आरोपी शिवेंद्र सिंह राजपूत की गिरफ्तारी हेतु पुलिस द्वारा लगातार संभावित स्थानों पर तलाश की जा रही है। साथ ही साइबर फ्रॉड नेटवर्क एवं विदेशी कनेक्शन के संबंध में विस्तृत तकनीकी एवं वैधानिक विवेचना जारी है।

Leave a reply

Written by Xpose Today News

bettilt giriş bettilt giriş bettilt pin up pinco pinco giriş bahsegel giriş bahsegel paribahis paribahis giriş casinomhub giriş rokubet giriş slotbey giriş marsbahis giriş casino siteleri