ग्वालियर। हिंदू महासभा के कार्यकर्ताओं ने नाथूराम गोडसे की 70वीं पुण्यतिथि को 70वें बलिदान दिवस को रूप में मनाया। कार्यकर्ताओं ने गोडसे उनकी पूजा-अर्चना की और एक ज्ञापन भी प्रशासनिक अमले को सौंपा।
कार्यकर्ताओं ने ज्ञापन के माध्यम से मांग की है कि नाथूराम गोडसे के आखिरी समय के भाषणों को सार्वजनिक किया जाए और उन्हें मध्य प्रदेश के पाठ्यक्रम में शामिल भी किया जाए।
कार्यकर्ताओं का कहना है कि गांधी की वजह से ही देश का बंटवारा हुआ है। बंटवारे के समय जो 55 करोड़ पाकिस्तान को दिए वह गांधी की जिद के कारण ही दिए गए। पाकिस्तान के बंटवारे से आहत होकर ही नाथूराम गोडसे ने गांधी की हत्या की थी।
हिंदू महासभा के कार्यकर्ताओं ने गांधी को सबसे बड़ा देशद्रोही बताया है साथ ही गोडसे को उन्होंने राष्ट्रभक्त कहा है। उनका कहना है कि जब भगवान श्रीराम ने रावण को मारा और श्री कृष्ण ने कंस को मारा इस इतिहास को पढ़ा सकते हैं तो फिर नाथूराम गोडसे का इतिहास क्यों नहीं पढ़ा जा सकता।
