धार। धार जिले के मनावर में हुई मॉब लिंचिंग की घटना को लेकर राजनीतिक आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है। भाजपा इस घटना को कांग्रेस सरकार की नाकामी बताते हुए प्रदेश की कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े कर रही है। वहीँ कांग्रेस भाजपा पर इस मामले में राजनीति करने का आरोप लगाते हुए आरोपी को भाजपा नेता बता रही है।
मनावर में हुई मॉब लिंचिंग की घटना को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने प्रदेश सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि, “कमलनाथ सरकार ने मध्यप्रदेश को तालिबानी प्रदेश बना दिया है। धार में लोगों को पीट-पीटकर मार दिया गया। दलित जिंदा जलाए जा रहे हैं। तालिबानी तरीक़े से हत्याएं हो रही हैं और सरकार आईफा में व्यस्त है। ऐसी घटनाओं को रोकना सरकार की जिम्मेदारी है, कार्रवाई करे।“
वहीँ मध्यप्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष के मीडिया समन्वयक नरेंद्र सलूजा ने ट्विटर पर पूर्व मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान और मनावर की घटना के आरोपी रमेश जूनापानी की तस्वीर जारी करते हुए लिखा कि, “शिवराज जी , देख लीजिये मध्यप्रदेश को तालिबान प्रदेश बनाने वाले आपके साथ गले में माला डाले खड़े है। धार के मनावर की घटना का आरोपी रमेश जूनापानी। जो भाजपा नेता कह रहे है कि उसका भाजपा से कोई लेना-देना नहीं, वो यह सच्चाई देख ले।“
सलूजा ने बताया कि यह मामला बेहद संवेदनशील विषय है और ऐसे मामलों पर राजनीति से निश्चित तौर पर बचना चाहिए। भाजपा लगातार ऐसे संवेदनशील विषयों पर व ऐसी घटनाओं पर राजनीति कर रही है। चाहे सागर की घटना हो या छिंदवाड़ा की घटना हो या फिर धार की। कांग्रेस ऐसे संवेदनशील मुद्दों पर को राजनीति का रंग नहीं देना चाहती है, लेकिन भाजपा झूठे आरोप लगा रही है। भाजपा नेताओं को यह जान लेना चाहिए कि धार के मनावर की इस घटना में प्रमुख आरोपी भाजपा के नेता रमेश जुनापानी है। रमेश ने भीड़ का नेतृत्व किया और हिंसा के लिए उकसाया। पुलिस ने उन्हें गिरफ्तार कर लिया है।
सलूजा ने कहा कि इससे पहले मंदसौर के प्रह्लाद बंधवार हत्याकांड, बड़वानी के ताराचंद ठाकरे हत्याकांड में व रतलाम के हिम्मत पाटीदार हत्याकांड में भी भाजपा नेताओं की असलियत सामने आ चुकी है। अब धार मामले में भी भाजपा नेता का नाम सामने आ रहा है। भाजपा को सच्चाई जान लेना चाहिए कि प्रदेश को तालिबान प्रदेश कौन बनाना चाहता है?
