खंडवा। बारात में घोड़े पर सवार दूल्हे को तो हम सब ने देखा है। लेकिन खंडवा में जब दो दुल्हन हाथों में तलवार थामे घोड़ियों पर सवार होकर निकली तो हर किसी की नजर उन पर ही ठहर गई। घोड़ियों सवार दुल्हन लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गई। हालाँकि पाटीदार समाज के लिए यह कोई नई बात नहीं है। यह उनकी परम्परा का ही एक हिस्सा है।
पाटीदार समाज की दो बेटियां साक्षी और सृष्टि पाटीदार दूल्हों की तरह हाथों में तलवार थामे घोड़ी पर सवार होकर अपनी बारात लेकर निकली। दुल्हन को घोड़ियों पर देख कई लोग चौंक गए। दोनों दुल्हन साक्षी और सृष्टि ने भी घुड़सवारी का भरपूर आनंद लिया। दोनों दुल्हनें घोड़ी पर बैठकर हाथों में तलवार थामे नाचती रही। वहीँ उनगे आगे बाराती भी नाचते रहे।
परिवार के सदस्यों का कहना है कि यह पाटीदार समाज की परम्परा है जिसके तहत लड़कियों की भी बारात निकाली जाती है। लोगों के बीच भले ही यह चर्चा का विषय था लेकिन हमारे लिए कोई नई बात नहीं है। हमारे समाज में बेटे और बेटियों को एक सा दर्जा दिया जाता है। दोनों ही घोड़े पर सवार होकर मंडप तक पहुँचते है। इसके अलावा शादी भी बिना दहेज़ के हुई है।
उनका कहना है कि यह परम्परा समाज में बरसो से चली आ रही है। हम इसी परम्परा का आज भी पालन कर रहे हैं। हम समाज में बेटियों को बरसो से बराबर का दर्जा दे रहे है। इससे अन्य समाज को भी संदेश मिलेगा।
