धार। बेटी के जन्म पर उसे खुले में फेंकने और अस्पताल में ही छोड़कर चले जाने की घटनाओं से शर्मसार होने वाला धार जिला आज देशभर में रोल मॉडल बनकर उभरा है। आदिवासी बहुल जिला होने के बावजूद धार में साल 2019 में बेटों से ज्यादा बेटियों ने जन्म लिया है।
महिला एवं बाल विकास के आंकड़ों पर गौर करे तो जनवरी 2019 से दिसंबर 2019 तक जिले में 17,490 बेटियों का जन्म लिया जबकि इस दौरान 16,414 बेटों ने जन्म लिया है। जिले के सरदारपुर क्षेत्र में साल 2019 में 1920 बेटियों ने जन्म लिया जबकि बेटों को संख्या 1788 रही। इस तरह सरदारपुर क्षेत्र में बेटों के मुकाबले 134 बेटियों ने ज्यादा जन्म लिया।
अगर पूरे साल के अलग-अलग महीनों की बात करे तो साल 2019 फरवरी माह ही ऐसा रहा, जिसमें बेटों ने बेटियों से अधिक जन्म लिया। फरवरी में 1229 बेटियों ने जन्म लिया जबकि 1271 बेटों ने जन्म लिया।
