डॉ हिमांशु जोशी, धार। प्रदेश में होने वाले चुनावों को लेकर बीजेपी किसी भी क़ीमत पर हाथ से सत्ता नहीं देना चाहती। लेकिन कांग्रेस से भाजपा में आए सिंधिया समर्थकों ने बीजेपी की मुश्किलें बढ़ा दी हैं। यहाँ उम्मीदवार का ख़ासा विरोध हो रहा है। ताज़ा मामला उघोग मंत्री राज्यवर्द्धन सिंह दत्तीगांव का है। दत्तीगांव धार के काछी बड़ौदा में पहुँचे जहां जनता ने उनके ख़िलाफ़ जमकर वापस जाओ वापस जाओ के नारे लगा दिए।
जितनी जगह बीजेपी ने सिंधिया समर्थकों को टिकट दिया है वहाँ पार्टी को जनता के भारी विरोध का समाना करना पड़ रहा है। वहीं स्थानीय भाजपा कार्यकर्ताओं का मन भी उखड़ा हुआ है। जनता खुले आम बीजेपी उम्मीदवार के लिए वापस जाओ वापस जाओ के नारे लगा कर विरोध दर्ज करा रही है।
कांग्रेस से आए लोगों बीजेपी नहीं मान पा रही अपना
सिंधिया समर्थकों को बीजेपी के लोग अपना नहीं पा रहे हैं। इसलिए संवादहीनता की खाई भी पनप रही है। शहर में लगने वाले पोस्टर बैनर इन बातों का खुलासा करते हैं।.
शेखावत फ़ैक्टर भारी
बीजेपी के पूर्व विधायक भँवर सिंह शेखावत का प्रभाव भी क्षेत्र में है उन्हें नज़र अंदाज कर बदनावर में चुनाव लड़ना बीजेपी के लिए मुश्किल है। कुछ दिनों पहले शेखावत ने अपना जन्मदिन बदनावर में मना कर अपनी ताक़त दिखाई थी
बीजेपी की अंतर कलह से भी नुक़सान
बीजेपी को धार में बाहरी लोगों से ज़्यादा अपनों से निपटना भारी पड़ रहा है। यहाँ बीजेपी में ही कई गुट बन चुके हैं। हर कार्यकर्ता नेता बन गया है। इसका चुनाव पर प्रभाव पड़ना तय है।
