इंदौर। टीवी की दुनिया के सितारे इंदौर की जमीन पर उतरने वाले है। इंदौर के नेहरू स्टेडियम में 10 नवम्बर को छोटे पर्दे के सितारों का महाकुंभ होगा। इसमें टीवी इंडस्ट्री के कई बड़े सितारे शिरकत करेंगे। इस आयोजन के मुख्य आकर्षण होंगे कॉमेडी के किंग कहे जाने वाले कपिल शर्मा।
दरअसल राज्य सरकार के सहयोग से टीवी इंडस्ट्रीज के सबसे बड़े अवार्ड शो में से एक ‘दि आइटीए अवार्डज’ का आयोजन इस बार इंदौर में हो रहा है। ‘दि आइटीए अवार्डज’ को मध्य प्रदेश सरकार प्रस्तुत कर रही है। टीवी इंडस्ट्रीज का यह बड़ा समारोह अपने 19वें साल में प्रवेश कर रहा है।
इस कार्यक्रम की शुरुआत मध्य प्रदेश के कलाकारों द्वारा होगी। प्रदेश में भक्ति-संगीत की कोकिला आकृति मेहरा अपने सुरों का जादू बिखेरेंगी। इस दौरान मध्य प्रदेश की शानदार झाँकियाँ भी स्क्रीन पर दिखाई देगी। इसके अलावा ‘इंडिया गॉट टैलेंट’ की विजेता, प्रदेश की मशहूर कत्थक नृत्यांगना रागिनी मक्कड़ भी 80 नर्तकों के साथ अपनी प्रस्तुति देंगी।
कार्यक्रम में आशीष शर्मा, गौतम रोडे, मोहित मलिक, मुदित नायर, कृष्णा अभिषेक, शिवांगी जोशी, क्रिस्टल डी’सूजा, हेली शाह, अश्नूर कौर, रौशनी वालिया, शुभांगी अत्रे सहित टीवी इंडस्ट्री के कई नामचीन सितारे शामिल होंगे। कार्यक्रम का मुख्य आकर्षण टीवी इंडस्ट्री के सबसे लोकप्रिय कलाकार कपिल शर्मा होंगे। कपिल शर्मा कार्यक्रम में अपनी टीम के सदस्य कृष्णा अभिषेक ,कीकू शारदा, चंदन और चिंकी-मिंकी के साथ दर्शकों को खूब हसाएंगे।
इसके अलावा कार्यक्रम में गीत-संगीत के कई कार्यक्रम होंगे। दर्शकों के चहेते कलाकार नृत्य-संगीत से कार्यक्रम को यादगार बनाएँगे। चकाचौंध कर देने वाले ग्लैमर के बीच टीवी कलाकारों को पुरस्कार दिए जायेंगे।
कार्यक्रम में एनजीओ’ ‘बेटी’ की पुकार को जन-जन तक पहुँचाने के लिए रैम्प वाक का आयोजन किया जाएगा,। इसमें अनिरुद्ध दवे, सुधांशु पांडे, विशाल सिंह, विकास मानकटला और कई दूसरे टेलिविज़न के नायक हिस्सा लेंगे। इनके साथ विद्या तिवारी, गरिमा जैन, हुनर गांधी और खुद आईटीए अध्यक्षा अनु रंजन रेम्प पर चलेगी।
दरअसल ‘बेटी’ ‘दि आइटीए अवार्डज़’ के प्रणेता अनु और शशि रंजन द्वारा स्थापित एक एनजीओ है। यह एनजीओ पिछले 13 सालों से औरतों पर होने वाले अत्याचारों के खिलाफ काम कर रहा है। यह एनजीओ प्रताड़ित महिलाओं और कन्याओं के भविष्य को बेहतर बनाने में जुटा है। तेजाब की शिकार, यौन-शोषण और दूसरी प्रताड़नाओं को झेल चुकी अनगिनत बेसहारा महिलाओं को एनजीओ ने सहारा दिया है।
