भोपाल। टाइगर स्टेट का दर्जा प्राप्त मध्य प्रदेश को जल्द ही घड़ियाल स्टेट का दर्जा मिल सकता है। प्रदेश में चम्बल नदी पर बने घड़ियाल अभयारण्य में घड़ियालों की संख्या में बढ़ोतरी देखी गई है। वन विभाग ने घड़ियाल अभयारण्य के अधिकारियों से घड़ियालों की संख्या को लेकर ताजा रिपोर्ट तैयार करने को कहा है। घड़ियालों की संख्या में बढ़ोतरी पर वन मंत्री उमंग सिंघार ने ख़ुशी जाहिर करते हुए इसका श्रेय अधिकारियों की मेहनत को दिया है।
दरअसल वाइल्ड लाइफ ट्रस्ट ऑफ़ इंडिया की रिपोर्ट के अनुसार चम्बल के घड़ियाल अभयारण्य में 1255 घड़ियाल रहते है जबकि विभाग द्वारा की गई गिनती में यह संख्या ज्यादा निकली। ऐसे में अधिकारियों को घड़ियालों की संख्या को लेकर ताजा रिपोर्ट तैयार करने के निर्देश दिए हैं। वहीँ वन मंत्री उमंग सिंघार ने कहा है कि यह अधिकारियों की मेहनत का नतीजा है।
बता दे कि घड़ियाल भारत, नेपाल और बांग्लादेश सहित कुछ देशों में ही पाए जाते हैं। चार दशक पहले घड़ियाल विलुप्ति की कगार पर आ गए थे। इसके बाद चम्बल नदी के 435 किलोमीटर क्षेत्र को घड़ियाल अभयारण्य क्षेत्र घोषित करके इनके संरक्षण की पहल की गई। मध्य प्रदेश के अलावा बिहार की गंडक नदी में 255 घड़ियाल रहते हैं। घड़ियाल एक शर्मीला जानवर है जो साफ़ पानी में रहता है। यह दूसरे जलीय जीवों से दूरी बनाकर रखते हैं।
