सतना। कड़ाके की ठंड के बीच बुधवार को सतना में दिन भर रुक-रुक कर बारिश होती रही। शाम होते-होते मौसम का मिजाज एक बार फिर बदला और बारिश के साथ आंवले के आकर के ओले गिरने लगे। कुछ ही देर में धरती सफ़ेद हो गई।
आंवले के आकर के ओले गिरने से फसलों को भारी नुकसान हुआ है। खेतों में फसलें बिछ गई है। खासकर सरसों, चना, मसूर, टमाटर, मटर, अरहर, गेहूं और जौ की फसलों को ज्यादा नुकसान हुआ है। फसलों और सब्जियों में कीट/रोगों के प्रकोप की सम्भावना अत्यधिक बढ़ गई है। दूसरी तरफ बिन मौसम बारिश के कारण खरीदी केंद्रों में पानी भर गया। इससे हजारों क्विंटल धान भीग गया।
